पीआेके के एक समूहद्वारा मांग !
वॉशिंगटन – पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के एक समूह ने क्षेत्र में बढ रही मानवाधिकार हनन की घटनाओं से निपटने के लिए अमरीकी सांसदों से मदद की गुहार लगाई है। अमरीका की राजधानी वॉशिंगटन स्थित गिल्गित-बाल्तिस्तान इंस्टीट्यूट के सेंजे सेरिंग ने कैपिटल हिल में अमरीकी सांसदों से मुलाकात के बाद कहा कि गिल्गित-बाल्तिस्तान में मानवाधिकार हनन की घटनाएं तब तक नहीं रुक सकती जब तक अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसमें दखल नहीं दे।
उन्होंने कहा कि पीओके में रहने वाले लोगों की मदद के लिए अमरीका को अगुवाई करनी होगी क्योंकि उसकी मदद के बिना क्षेत्र में पाकिस्तान के दमनातकारी कदमों पर रोक नहीं लगाई जा सकती। सेरिंग ने आगे कहा कि पाकिस्तान ने इन इलाकों में जबरन कब्जा कर रखा है। इन क्षेत्रो में पाकिस्तान का राज खत्म करने के लिए अमरीका सहित अंतरराष्ट्रीय समुदाय को आगे आना होगा।
उन्होंने कहा, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के रेजॉलूशन ४७ में भी पाकिस्तान को गिल्गित-बाल्तिस्तान और पीओके में कब्जा जमाने वाला और आक्रामक रवैया अपनाने वाला देश करार दिया है। इसमें इन इलाकों से पाकिस्तान की पूरी तरह से वापसी की बात कही गई है।
सेरिंग ने कहा कि पीओके के लोग भी इस बात के समर्थन में हैं कि पाकिस्तान का पूरी तरह से इस हिस्से से राज खत्म हो जाए। यही नहीं, पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी और सेना ने बड़े पैमाने पर सैन्य उपयोग के लिए हजारों निजी एकड़ जमीन पर जबरन कब्जा जमा लिया है।
स्तोत्र – पत्रिका